शहर के अपर जुलाहकड़ी मोहल्ले के उपरी हिस्से में बारिश के कारण पहाड़ी दरकने से जगह-जगह भूस्खलन होने और नालों के उफान पर आने से निचले हिस्से में बसी रिह...
जुलाहकड़ी मोहल्ले में भूस्खलन से बढ़ा लोगों के घरों को खतरा, डर के साए में काट रहे रातें
शहर के अपर जुलाहकड़ी मोहल्ले के उपरी हिस्से में बारिश के कारण पहाड़ी दरकने से जगह-जगह भूस्खलन होने और नालों के उफान पर आने से निचले हिस्से में बसी रिहायशी बस्ती खतरे की जद में आ गई है। किसी अनहोनी घटना की आशंका के चलते लोगों को रातें डर के साये में काटनी पड़ रही हैं। यह खुलासा अपर जुलाहकड़ी रेजिडेंट विकास कमेटी के सदस्यों ने किया है।
कमेटी के सदस्य वाईके पुरी, डा. डीके सोनी, विद्यासागर शर्मा हिम्पत वर्मा, सुषमा पुरी, शमीम बेगम, सादिक खान, शीला वर्मा ,रफीक खान व मनीष शर्मा के अलावा प्रभावित पंकज शेखरी, डा. विनोद शर्मा नीरज जगदंबिनी, डिंपल पुरी, दश्रा व चमन जसरोटिया अत्यधिक बरसात के कारण चामुंडा मंदिर से लेकर जीरो प्वाईंट हरदासपुरा तक भूस्खलन तथा पुराने नालों में पानी तथा मलबा के तेज बहाव से लगभग 10 जगह पर नई घारें लग गई है। इससे लोगों में दहशत का माहौल बन गया है। कई रिहायशी मकान निचले हिस्से में भूस्खलन होने से खतरे की जद में आए गए हैं।
अफवाहों पर ध्यान न दें लोग, नालों से बनाएं दूरी
शनिवार को कमेटी के प्रतिनिधिमंडल ने सदर विधायक नीरज नैयर से मुलाकात कर बारिश के कारण बिगड़े हालातों की जानकारी दी। इस पर विधायक ने क्षतिग्रस्त साइटों से मलबा हटाने तथा भूस्खलन की जद में आए घरों को बचाव हेतु सुरक्षा दीवार और पौधारोपण कार्य प्राथमिकता के आधार पर करने के निर्देश जारी कर दिए। उन्होंने लोगों से यह भी अनुरोध किया कि इस जनत्रासदी पर फैलाई जा रही अफवाहों पर कोई ध्यान न दें। नए आवास आदि बनाने के समय नालों से दूरी बनाए रखें ताकि नाले अवरुद्ध होने पर नुकसान से बचा जा सके। उन्होंने यह भी कहा के नदी किनारे व नालो आदि के किनारे गृह निर्माण से गुरेज करें।