सवाल उठाया- इतने सीमेंट का क्यों नहीं हुआ इस्तेमाल, किस मकसद से नाले में फेंका चुराह (चंबा)। उपमंडल चुराह के तहत ग्राम पंचायत देहरोग के नरेड़ नाला...
नरेड़ नाले के पास मिलीं जमे हुए सीमेंट की 50 से 60 बोरियां
सवाल उठाया- इतने सीमेंट का क्यों नहीं हुआ इस्तेमाल, किस मकसद से नाले में फेंका
चुराह (चंबा)। उपमंडल चुराह के तहत ग्राम पंचायत देहरोग के नरेड़ नाला के समीप सड़क के निचले हिस्से में बड़ी संख्या में सीमेंट की बोरियां मिलने से क्षेत्र में चर्चाओं का बाजार गर्म है।
स्थानीय लोगों के अनुसार करीब 50 से 60 हरे रंग की सीमेंट की बोरियां पड़ी हैं। इनमें मौजूद सीमेंट जम चुका है। अब उपयोग करने के लायक नहीं रहा है। ग्रामीणों ने सवाल उठाया है कि आखिरकार इतनी बड़ी मात्रा में सीमेंट का इस्तेमाल क्यों नहीं हो पाया और नाले में सीमेंट किस मकसद से फेंका गया है। बहरहाल, अब यह सीमेंट उपयोग होने के बजाय खराब हो गया है। चर्चा यह भी है कि यदि यह सामग्री समय पर उपयोग में लाई जाती तो किसी विकास कार्य या जरूरतमंद व्यक्ति के काम आ सकती थी। लोगों का कहना है कि कई बार जरूरतमंद लोग छोटे-छोटे निर्माण कार्यों के लिए सामग्री के अभाव से जूझते हैं, ऐसे में इस तरह सीमेंट का बेकार हो जाना चिंताजनक माना जा रहा है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह सीमेंट किस एजेंसी या व्यक्ति की ओर से यहां फेंका गया है।
ग्राम पंचायत देहरोग के सचिव सचिन चैन लाल ने बताया कि पंचायत के पास इस समय सीमेंट का कोई स्टॉक नहीं है। उन्होंने कहा कि पंचायत को पूर्व में जो भी सीमेंट मिला था, उसे निर्धारित कार्यों में ही उपयोग किया जा चुका है।